देवरिया। पुलिस लाइन देवरिया के प्रेक्षा गृह में विशेष किशोर पुलिस इकाई (एसजेपीयू) की अप्रैल माह की मासिक समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के डिप्टी लीगल डिफेंस प्रतिनिधि ओम प्रकाश तिवारी ने की, जबकि संचालन जिला बाल संरक्षण इकाई के संरक्षण अधिकारी जय प्रकाश तिवारी ने किया।

बैठक में अध्यक्ष ओम प्रकाश तिवारी ने सभी बाल कल्याण पुलिस अधिकारियों को जेजे एक्ट के अनुरूप कार्य करने और जरूरत पड़ने पर विधिक सहायता लेने के निर्देश दिए। वहीं संरक्षण अधिकारी जय प्रकाश तिवारी ने बताया कि जनपद में मानव तस्करी, विशेषकर बाल तस्करी को रोकने के लिए जिला स्तर पर समीक्षा समिति का गठन किया गया है, जिसकी बैठक 22 अप्रैल 2026 को मुख्य विकास अधिकारी की अध्यक्षता में संपन्न हुई।

उन्होंने यह भी जानकारी दी कि देवरिया को बाल विवाह मुक्त जनपद बनाने के लिए जिलाधिकारी द्वारा अधिकारियों को शपथ दिलाई गई है और समाज के सभी वर्गों से इसमें सहयोग की अपील की गई है।

बैठक में बाल कल्याण समिति के सदस्य विवेकानंद मिश्र ने समिति के कार्यों और पुलिस विभाग के सहयोग पर प्रकाश डाला। श्रम प्रवर्तन अधिकारी दिनेश कुमार ने श्रम विभाग की योजनाओं की जानकारी दी, जबकि स्वास्थ्य विभाग के नोडल अधिकारी डॉ. संजय गुप्ता ने उम्र और मेडिकल परीक्षण से संबंधित प्रक्रिया समझाई।

राजकीय बाल गृह के प्रभारी अधीक्षक रामकृपाल ने बताया कि संस्था में रहने वाले सभी बच्चों को बाल कल्याण समिति के आदेश पर रखा जाता है। वहीं एएचटीयू प्रभारी सुरेश कुमार वर्मा ने बाल कल्याण पुलिस अधिकारियों को उनके कर्तव्यों और जिम्मेदारियों के बारे में विस्तार से बताया।

बैठक में वन स्टॉप सेंटर की प्रबंधक नीतू भारती ने पीड़ित बालिकाओं के आश्रय और देखभाल से जुड़ी जानकारी साझा की, जबकि चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 से जुड़ी सेवाओं के बारे में अनुराधा राज ने जानकारी दी।

इस अवसर पर जिला बाल संरक्षण इकाई, पुलिस विभाग और विभिन्न थानों के बाल कल्याण पुलिस अधिकारी सहित कई अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।