देवरिया: जनगणना-2027 के प्रथम चरण के तहत जिले में 7 से 21 मई तक स्वगणना (सेल्फ एन्यूमरेशन) अभियान चलाया जाएगा। इसके बाद 22 मई से 20 जून तक घर-घर सर्वेक्षण (मकान सूचीकरण) का कार्य किया जाएगा।
जिलाधिकारी दिव्या मित्तल ने अभियान को सफल बनाने के लिए सभी विभागों को सक्रिय भूमिका निभाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने बताया कि नागरिक ऑनलाइन पोर्टल या क्यूआर कोड के माध्यम से स्वयं और अपने परिवार का विवरण दर्ज कर सकेंगे।
प्रशासन द्वारा शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाया जाएगा। इसके तहत घर-घर संपर्क, जनप्रतिनिधियों का प्रशिक्षण, स्कूल-कॉलेजों में कार्यक्रम और विभिन्न माध्यमों से प्रचार-प्रसार किया जाएगा।
डीएम ने सभी विभागों को नोडल अधिकारी नामित कर शत-प्रतिशत सहभागिता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही आमजन को तकनीकी सहायता उपलब्ध कराने पर भी जोर दिया गया है।
उन्होंने बताया कि 22 मई से शुरू होने वाले घर-घर सर्वेक्षण में गणनाकर्मी प्रत्येक मकान का विवरण दर्ज करेंगे और पूरे अभियान की सतत निगरानी की जाएगी।
प्रशिक्षण में लापरवाही पर सख्ती:
प्रशासन ने साफ किया है कि प्रशिक्षण में अनुपस्थित रहने या ड्यूटी में लापरवाही बरतने वाले प्रगणक और सुपरवाइजर के खिलाफ जनगणना अधिनियम 1948 की धारा 11 के तहत FIR दर्ज की जाएगी। इस प्रावधान के तहत दोषी को तीन वर्ष तक की सजा या जुर्माना या दोनों हो सकते हैं।
जिलाधिकारी ने कहा कि जनगणना राष्ट्रीय महत्व का कार्य है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने जनपदवासियों से सही और पूर्ण जानकारी देकर इस अभियान को सफल बनाने की अपील की है।










