देवरिया। कांग्रेस कार्यालय पर आयोजित कार्यकर्ताओं की बैठक में महिला आरक्षण बिल को बिना जनगणना और परिसीमन की शर्तों के तत्काल लागू करने की मांग उठी। बैठक में सलेमपुर और भाटपाररानी विधानसभा क्षेत्रों के संगठन की समीक्षा भी की गई।

बैठक को संबोधित करते हुए जिलाध्यक्ष विजयशेखर मल्ल रोशन ने कहा कि केंद्र सरकार महिला आरक्षण बिल को तुरंत लागू करे। उन्होंने कहा कि संसद और विधानसभाओं में महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण देने की लड़ाई कांग्रेस ने शुरू की थी।

उन्होंने कहा कि वर्ष 2010 में यूपीए सरकार ने राज्यसभा से महिला आरक्षण बिल पारित कराया था, लेकिन लोकसभा में पर्याप्त समर्थन न मिलने और भाजपा के विरोध के चलते वह कानून नहीं बन सका। उन्होंने कहा कि यदि उस समय सभी दल साथ देते तो देश की आधी आबादी को 14 वर्ष पहले ही उनका अधिकार मिल गया होता।

जिलाध्यक्ष ने आरोप लगाया कि मौजूदा सरकार ने बिल में जनगणना और परिसीमन की बाध्यता जोड़कर इसे वर्ष 2029 तक टालने का रास्ता निकाला है।

संगठन की समीक्षा करते हुए उन्होंने ब्लॉक अध्यक्षों से बूथ कमेटियों का गठन शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए।

जिला उपाध्यक्ष डॉ. धर्मेन्द्र पांडेय ने कहा कि भाजपा जनता को गुमराह कर रही है। वहीं जिला उपाध्यक्ष अब्दुल जब्बार ने कहा कि भाजपा शासन से जनता परेशान हो चुकी है और अब लोगों को विश्वास हो गया है कि बिना कांग्रेस के देश का भला नहीं हो सकता।

बैठक को जिला महासचिव मार्कण्डेय मिश्र, जगरनाथ यादव, वशिष्ठ मोदनवाल, दीनदयाल प्रसाद, सत्यम पांडेय, रजनीश प्रसाद, धर्मेन्द्र कुमार पाण्डेय, मनीष रजक, बृजेश यादव, डॉ रमेश कुशवाहा, वजीर अहमद, ध्रुवप्रसाद आर्य, परमानन्द प्रसाद, सत्यवान पाण्डेय, शमशुल आजम, मोजाहिद लारी, रोहित यादव, राहुल मिश्र, डॉ याहिया अंजुम, रामविलास शर्मा, परवेज लारी, गौरव नारायण यादव, सैयद फिरोज अहमद, डॉ नरेन्द्र यादव सहित कई नेताओं ने संबोधित किया।